ऊधमसिंहनगर पुलिस ने करोड़ों की साइबर ठगी करने वाले गिरोह का किया पर्दाफाश, एसएसपी मणिकांत मिश्रा के निर्देशन में 6 गिरफ्तार,

ऊधमसिंहनगर पुलिस ने करोड़ों की साइबर ठगी करने वाले गिरोह का किया पर्दाफाश, एसएसपी मणिकांत मिश्रा के निर्देशन में 6 गिरफ्तार

रुद्रपुर (समाचार प्लस लाइव)
ऊधमसिंहनगर पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। एसएसपी मणिकांत मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस ने एक संगठित साइबर ठग गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरोह देशभर में फैले बैंक खातों का दुरुपयोग कर करोड़ों की ठगी कर चुका है। पुलिस को गिरोह से जुड़े चार फरार आरोपियों की तलाश है, जिनकी गिरफ्तारी के लिए टीमें कई राज्यों में दबिश दे रही हैं।

 

ऊधमसिंहनगर पुलिस ने करोड़ों की साइबर ठगी करने वाले गिरोह का किया पर्दाफाश, एसएसपी मणिकांत मिश्रा के निर्देशन में 6 गिरफ्तार,

🔍 ठगी की शुरुआत ऐसे हुई

29 मई 2025 को हरबंस लाल नामक व्यक्ति ने रुद्रपुर के किच्छा रोड स्थित भारतीय स्टेट बैंक शाखा से ₹49,999.99 की साइबर धोखाधड़ी की शिकायत की थी। थाना रुद्रपुर में इस संबंध में FIR नंबर 254/2025, धारा 318(4), बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया।

🚨 ऐसे हुआ पूरे गिरोह का भंडाफोड़

शिकायत मिलते ही एसएसपी मणिकांत मिश्रा और एसपी अपराध ने त्वरित कार्रवाई के आदेश दिए। पुलिस टीम ने साइबर सेल और सर्विलांस की मदद से जांच शुरू की और पाया गया कि निकाली गई रकम IDBI बैंक के मनोज सैनी नामक व्यक्ति के खाते में जमा हुई थी।

30 मई को मनोज सैनी और उसके साथी अजय सैनी को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में पता चला कि उन्होंने अपने बैंक दस्तावेज एक अन्य गिरोह को सौंपे थे। इसके बाद मुखबिर की सूचना पर 05 जून को गिरोह के मुख्य मास्टरमाइंड सत्यपाल सिंह और पुष्पेन्द्र उर्फ पोरस कुमार को रामपुर रोड फ्लाईओवर के पास से गिरफ्तार किया गया।

🕵️‍♂️ पूछताछ में बड़ा खुलासा

सत्यपाल और पोरस ने बताया कि वे बैंक खातों को किराए पर लेकर उन्हें ठगी में इस्तेमाल करते थे। बाद में उनकी निशानदेही पर रितिक सोलंकी (निवासी आगरा) और विशुराज मौर्या उर्फ व्योम मौर्या (निवासी बिजनौर) को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से भारी मात्रा में ATM कार्ड, मोबाइल फोन, चेक बुक, पासबुक, आधार-पैन कार्ड, QR स्कैनर, डायरी और वाहन बरामद किए गए।

⚖️ संगठित साइबर अपराध की पुष्टि

पूरे गिरोह ने कई राज्यों में फैले नेटवर्क के माध्यम से यह ठगी की थी। पुलिस ने धारा 3(5), 111 BNS की बढ़ोतरी की है और अब इसे संगठित साइबर अपराध के तौर पर विवेचना में शामिल किया गया है।

👮‍♂️ गिरफ्तार अभियुक्तों की सूची:

  1. सत्यपाल सिंह, निवासी मुरादाबाद
  2. पुष्पेन्द्र उर्फ पोरस कुमार, निवासी मुरादाबाद
  3. रितिक सोलंकी, निवासी आगरा
  4. विशुराज मौर्या, निवासी बिजनौर
  5. मनोज सैनी, निवासी काशीपुर
  6. अजय सैनी, निवासी काशीपुर

🕵️ फरार अभियुक्त:

  • रोहित कुमार (मुरादाबाद)
  • बसंत (आगरा)
  • रोहित सोनी (ग्वालियर)
  • शेरु चौहान (ग्वालियर)

📦 बरामद सामान:

  • 09 मोबाइल फोन
  • 15 सिम कार्ड
  • 12 ATM कार्ड
  • 13 चेक बुक
  • 21 भरे हुए चेक
  • 04 पासबुक
  • 02 QR स्कैनर
  • 01 डायरी
  • 01 मोटरसाइकिल
  • 01 स्विफ्ट कार

🏆 टीम को मिला सम्मान

एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने इस संगठित गिरोह के भंडाफोड़ के लिए पुलिस टीम को ₹5000 का नकद इनाम देने की घोषणा की है। इस कार्य में व0उ0नि0 ललित मोहन रावल, प्रदीप कोहली, प्रियांशु जोशी, साइबर सेल की रीता चौहान, पूजा, ज्योति चौधरी समेत SOG और थाना रुद्रपुर की संयुक्त टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।